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Chinmaya Vani
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5e0f2067547075197c7ef091 Bhakt, Bhakti Aur Bhagwan (हिंदी - संगीतमय प्रवचन) https://cdn1.storehippo.com/s/5d76112ff04e0a38c1aea158/ms.products/5e0f2067547075197c7ef091/images/5e29373518462d2330f2ba2e/5e29371418462d2330f2b45c/webp/5e29371418462d2330f2b45c.png

सांदीपनी साधनालय, मुंबई, में दी गयी इस संगीतमय प्रवचन श्रृंखला में स्वामी तेजोमयानन्दजी, अत्यंत सुगम और प्रेरणादायी ढंग से हमें भक्ति मार्ग से परिचित करते हैं| भगवान के महान भक्तों के माध्यम से स्वामीजी हमें संतों के अभिलक्षणों से अवगत करते हैं - ऐसे गुण जिन्हें जीवन में उतार कर हम आध्यात्मिक प्रगति कर सकते हैं| तदुपरांत स्वामीजी हमें श्री रामचरितमानस में वर्णित हृषी वाल्मीकि और भगवान श्री राम के संवाद के माध्यम से भक्ति की प्रकृति के बारे में समझते हैं| हृषी वाल्मीकि भगवान को उन १४ स्थलों के बारे में बताते हैं जहाँ वे निवास कर सकते हैं - ये सभी स्थान एक भक्त के सहृदय के अनेक पहलू ही हैं| अंतिम दों प्रवचनों में स्वामीजी हमें ईश्वर की प्रकृति के अनुसन्धान के मार्ग पर अग्रसर होने के लिए मार्गदर्शित करते हैं| इन उत्थानकारी प्रवचनों के मध्य आपको सुन्दर कीर्तनों और भजनों के श्रवण का लाभ भी मिलेगा जिन्हें सुनकर सहृदय आनंद से ओतप्रोत हो, ईश्वर प्रेम से भर उठता है|

Duration (Approx): 7 Hours 34 Mins

BCD023
in stockINR 225
Chinmaya Prakashan
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Bhakt, Bhakti Aur Bhagwan (हिंदी - संगीतमय प्रवचन)

Bhakt, Bhakti Aur Bhagwan (हिंदी - संगीतमय प्रवचन)

SKU: BCD023
₹225
Publisher: Chinmaya Prakashan
Author: Swami Tejomayananda

Description of product

सांदीपनी साधनालय, मुंबई, में दी गयी इस संगीतमय प्रवचन श्रृंखला में स्वामी तेजोमयानन्दजी, अत्यंत सुगम और प्रेरणादायी ढंग से हमें भक्ति मार्ग से परिचित करते हैं| भगवान के महान भक्तों के माध्यम से स्वामीजी हमें संतों के अभिलक्षणों से अवगत करते हैं - ऐसे गुण जिन्हें जीवन में उतार कर हम आध्यात्मिक प्रगति कर सकते हैं| तदुपरांत स्वामीजी हमें श्री रामचरितमानस में वर्णित हृषी वाल्मीकि और भगवान श्री राम के संवाद के माध्यम से भक्ति की प्रकृति के बारे में समझते हैं| हृषी वाल्मीकि भगवान को उन १४ स्थलों के बारे में बताते हैं जहाँ वे निवास कर सकते हैं - ये सभी स्थान एक भक्त के सहृदय के अनेक पहलू ही हैं| अंतिम दों प्रवचनों में स्वामीजी हमें ईश्वर की प्रकृति के अनुसन्धान के मार्ग पर अग्रसर होने के लिए मार्गदर्शित करते हैं| इन उत्थानकारी प्रवचनों के मध्य आपको सुन्दर कीर्तनों और भजनों के श्रवण का लाभ भी मिलेगा जिन्हें सुनकर सहृदय आनंद से ओतप्रोत हो, ईश्वर प्रेम से भर उठता है|

Duration (Approx): 7 Hours 34 Mins

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